` Chaubatia Garden in Ranikhet –एशिया का सबसे बड़ा सेबों का बगीचा

Chaubatia Garden in Ranikhet –एशिया का सबसे बड़ा सेबों का बगीचा

Apple Garden Ranikhet (एप्पल गार्डन रानीखेत)

पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय उद्यान, चौबटिया को ही चौबटिया गार्डन रानीखेत तथा एप्पल गार्डन रानीखेत के नाम से जाना जाता है |

यह बगीचा एशिया का सबसे बड़ा सेबों का बगीचा है, जो कि उत्तराखंड राज्य के बहुत ही खुबसूरत पर्यटन स्थल रानीखेत में स्थित है | मुख्य रानीखेत से चौबटिया गार्डन तक की दूरी लगभग 10 किलोमीटर है | चौबटिया गार्डन से नंदादेवी, त्रिशूल तथा नीलकंठ पर्वत श्रंखलाओं का बहुत ही सुन्दर दृश्य देख जा सकता है |

देवदार के घने जंगलों के बीच में सेबों का यह बगीचा 235 हेक्टयेर क्षेत्रफल में फैला एशिया का सबसे बड़ा सेबों का बगीचा है | सेब के अलावा भी इस बगीचे में आडू, आलूबुखारा, तथा खुबानी के साथ साथ कई प्रकार के फलों का उत्पादन किया जाता है , तथा यह बगीचा  भिन्न भिन्न प्रकार के फूलों की प्रजातियों के लिए भी प्रसिद्ध है |

Apple Garden (एप्पल गार्डन) Ranikhet पर्यटन की दृष्टि से भी बहुत खुबसूरत destination है | यहाँ पर पर्यटनों की भीड़ पेड़ों पर लगे सेबों को देखने के लिए उमड़ती है, क्योंकि सेबों से लदे हुए पेंड़ों का यह बगीचा बहुत सुन्दर दिखायी देता है |

चौबटिया गार्डन रानीखेत

चौबटिया गार्डन में होने वाले सेबों की प्रजातियाँ

चौबटिया गार्डन रानीखेत में कई प्रजातियों के सेबों का उत्पादन किया जाता है , जिनमे से कुछ प्रजातियों के नाम की लिस्ट नीचे दी गयी है |

  1. अर्ली – रेड – वन
  2. ऑरगन स्पर
  3. रॉयल एम्पायर
  4. सुपर चीफ
  5. रेड गोल्ड
  6. गेलगाला
  7. गोल्डन डेलीसस
  8. बॉस डेलीसस
  9. रेड डेलीसस

पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय उद्यान को चौबटिया गार्डन क्यों कहा जाता है ?

पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय उद्यान

जैसे की आपको पता है कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय उद्यान को ही चौबटिया गार्डन के नाम से जाना जाता है | चौबटिया का शाब्दिक अर्थ है, चार रास्तों का एक समान मिलन बिंदु , और यह सेबों का बगीचा एक ऐसे ही मिलन बिंदु पर स्थित है |

यह उद्यान 4 प्रमुख शहरों भरगाँव, रानीखेत, देवती तथा पिलखोली के मिलन बिंदु (चौराहा) पर स्थित है | यही कारण है कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय उद्यान को चौबटिया गार्डन कहा जाता है |

Best time to visit Chaubatia Garden

सेबों के इस बगीचें में पेड़ों पर लदे हुए सेबों को देखने के लिए पर्यटक काफी दूर दूर से यहाँ पर आते हैं , और जैसा कि यह बगीचा एशिया का सबसे बड़ा सेबों का बगीचा है, तो एक ही साथ पेड़ों की डाल पर लटके हुए सेब बहुत सुन्दर प्रतीत होते हैं |

मई तथा जून में चौबटिया गार्डन सेबों से पूरी तरह से लदा हुआ होता है, यदि आप प्रकृति की इस सुन्दरता को देखना चाहते हैं, तो मई तथा जून के महीने में आकर आप इस प्राकृतिक सुन्दरता का आनन्द ले सकते हैं |

Entry Fee for Chaubatia Garden

चौबटिया गार्डन में प्रवेश हेतु कोई भी शुल्क नहीं है, किन्तु यदि आप चौबटिया गार्डन को अच्छी तरह से explore करना चाहते हैं तो यहाँ पर सभी प्रकार की जानकारी देने के लिए guides की सुविधा उपलब्ध है | यदि आप मात्र एप्पल गार्डन visit करना चाहते है, तो मात्र 200 रूपए प्रति घंटा के हिसाब से guide आपको एप्पल गार्डन से सम्बंधित सभी प्रकार की जानकारी दे देते हैं |

यदि आप सम्पूर्ण चौबटिया गार्डन का भ्रमण करना चाहते हैं, और पूरे चौबटिया गार्डन की जानकारी लेना चाहते हैं, तो उसके लिए guide आपसे 400- 500 रूपए charge कर सकते हैं |

खतरे में है चौबटिया गार्डन, रानीखेत का अस्तित्व

वर्तमान समय में चौबटिया गार्डन की देख-रेख सही तरह से न हो पाने की बजह से चौबटिया गार्डन का अस्तित्व खतरे में है | रानीखेत में स्थित इस एप्पल गार्डन का उत्पादन दिन- प्रतिदिन कम होता जा रहा है | पहले इस बगीचे में 235 हेक्टेयर क्षेत्रफल में फलों का उत्पादन किया जाता था, जिससे प्रत्येक सीजन में 500 कुंतल से ज्यादा सेबों की पैदावार होती थी | वर्तमान समय में उत्पादन क्षेत्र घटकर लगभग 106 हेक्टयेर रह गया है, जिसमे मात्र 20-30 कुंतल सेबों की पैदावार की जाती है |

एप्पल गार्डन रानीखेत

पहले इस बगीचे में हिमालयी रेड डिलीसियस एप्पल के पेंड हुआ करते थे, किन्तु बाद में इन्हें हटाकर यहाँ पर अमेरिकन सेबों की पौध लगा दी गयी, जिससे फलों का उत्पादन काफी कम हो गया |

स्थानीय लोगों के अनुसार मांग की जा रही है कि प्रशासन द्वारा इस बगीचे की देखरेख में ध्यान दिया जाते ताकि एशिया के सबसे बड़े सेबों के बगीचे का अस्तित्व बना रहे |

How to Reach Apple Garden, Ranikhet ?

चौबटिया गार्डन आने के लिए आपको सर्वप्रथम रानीखेत पहुँचना होगा | यदि आप ट्रेन द्वारा सफ़र करना चाहते हैं, तो निकटतम रेलवे स्टेशन “काठगोदाम रेलवे स्टेशन” है, जो कि कुछ 75 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है | स्टेशन से रानीखेत पहुँचने के लिए पहाड़ी मार्गों द्वारा टैक्सी या फिर स्थानीय बसों द्वारा आपको रानीखेत पहुँचना होगा | रानीखेत पहुँचने के बाद एप्पल गार्डन की दूरी मात्र 8 -10 किलोमीटर है |

यदि आप रानीखेत में हैं या फिर रानीखेत जाने का प्लान बना रहे हैं, तो यह भी देखें

   1.  Top 4 Visiting Place of Ranikhet inHindi (link)

   2.  बिनसर महादेव मन्दिर (link)

   3.  GolfCourse Ranikhet –एशिया का सबसे ऊँचा गोल्फकोर्स  (link)


Google Map for Chaubatia Garden, Ranikhet


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